झारखंड भाजपा के कार्यकर्ता फरवरी के अंत से पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में सक्रिय प्रचार करने की तैयारी कर रहे हैं। रांची से कोलकाता तक कार्यकर्ताओं को विभिन्न विधानसभा क्षेत्रों में जिम्मेदारी दी जाएगी और अभियान का नेतृत्व केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह करेंगे। वह प्रवासी कार्यकर्ताओं से मिलेंगे और उन्हें चुनावी रणनीति के अनुरूप कार्य सौंपेंगे।
पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा और रघुवर दास पहले ही कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर चुके हैं और अभियान की रूपरेखा तैयार की है। झारखंड भाजपा बिहार चुनाव मॉडल का पालन करते हुए रांची में एक कंट्रोल रूम बनाएगी, जिससे सीमावर्ती जिलों के कार्यकर्ता घर-घर संपर्क कर वोटरों तक पहुंच सुनिश्चित करेंगे।
प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू अभियान की निगरानी करेंगे और प्रचार के दौरान रणनीतिक दिशा-निर्देश देंगे। भाजपा का लक्ष्य बंगाल में प्रभावी पैठ बनाना और पार्टी की नीतियों व योजनाओं को आम जनता तक पहुँचाना है। इस चुनावी रणनीति के तहत कार्यकर्ता प्रचार, जागरूकता अभियान और मतदाताओं से संवाद के माध्यम से पार्टी की उपस्थिति को मजबूत करेंगे।
विशेषज्ञों का कहना है कि झारखंड के कार्यकर्ताओं की यह भूमिका बंगाल चुनाव में निर्णायक साबित हो सकती है, क्योंकि सीमावर्ती क्षेत्रों से शुरू होने वाला अभियान कोलकाता तक फैलने से व्यापक प्रभाव डालेगा।
