मेरठ कैंट की वोटर लिस्ट में कथित बड़ी गड़बड़ी! एक ही व्यक्ति के नाम पर 5-5 वोट दर्ज होने का दावा, सपा ने निर्वाचन आयोग से की शिकायत
मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ कैंट विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में कथित डुप्लीकेट वोटर एंट्री का मामला सामने आया है। आरोप है कि एक ही व्यक्ति के नाम पर मतदाता सूची में दो, तीन और यहां तक कि पांच-पांच बार नाम दर्ज हैं। इस मामले को लेकर समाजवादी पार्टी ने निर्वाचन आयोग का रुख किया है और मतदाता सूची की जांच कर कार्रवाई की मांग उठाई है।
बताया जा रहा है कि अलग-अलग बूथों पर कुछ मतदाताओं के नाम, पिता का नाम (वल्दियत) और उम्र तक एक जैसी दर्ज हैं। वहीं, कुछ मामलों में एक ही व्यक्ति के नाम की कई एंट्री होने का दावा किया जा रहा है। हालांकि, इन सभी प्रविष्टियों के वास्तव में डुप्लीकेट होने की आधिकारिक पुष्टि अभी सामने नहीं आई है।
एक ही व्यक्ति के नाम पर पांच-पांच एंट्री का दावा
मेरठ कैंट विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची को लेकर सामने आए आरोपों में कहा गया है कि कई मतदाताओं के नाम दो और तीन बार दर्ज हैं। कुछ मामलों में एक ही व्यक्ति के नाम पर पांच-पांच एंट्री होने का दावा किया गया है।
शिकायत से जुड़े दावों के मुताबिक, अलग-अलग बूथों पर दर्ज कुछ मतदाताओं के नाम, वल्दियत और उम्र एक समान हैं। कुछ यूनिक नाम वाले मतदाताओं की एक ही बूथ पर कई प्रविष्टियां होने की बात भी कही जा रही है।
यदि जांच में ये प्रविष्टियां वास्तव में डुप्लीकेट पाई जाती हैं, तो मतदाता सूची की शुद्धता और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो सकते हैं।
समाजवादी पार्टी ने निर्वाचन आयोग से की शिकायत
इस मामले को लेकर समाजवादी पार्टी ने राज्य निर्वाचन आयोग के समक्ष शिकायत दर्ज कराई है। वहीं, सपा नेता रविन्द्र प्रेमी ने जिला निर्वाचन अधिकारी से भी मामले की शिकायत की है।
सपा की ओर से मतदाता सूची में दर्ज कथित डुप्लीकेट नामों की जांच कराने और नियमों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की गई है। अब शिकायत के बाद निर्वाचन विभाग की जांच और आधिकारिक जवाब पर सबकी नजर है।
BLO के कथित ऑडियो से भी उठा विवाद
मेरठ में इससे पहले शहर विधानसभा क्षेत्र से जुड़ा फर्जी वोट बनवाने के आरोपों वाला एक कथित ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस ऑडियो में एक व्यक्ति को कथित तौर पर BLO से बातचीत करते हुए सुना जा सकता है।
ऑडियो में BLO की आवाज बताई जा रही है, जिसमें वह आरोप लगा रहा है कि एक भाजपा नेता ने सिस्टम हैंग कर रखा है और BLO पर दबाव बनाकर वोटर लिस्ट में नाम जुड़वाए जा रहे हैं। बातचीत में BLO को खाना खिलाकर काम करवाने जैसी बात भी सुनाई देने का दावा किया गया है।
हालांकि, इस ऑडियो की प्रामाणिकता, बातचीत में शामिल लोगों की पहचान और इसके वास्तविक बूथ से संबंध की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
सपा विधायक रफीक अंसारी ने प्रेसवार्ता में उठाया था मुद्दा
बताया गया है कि सपा विधायक रफीक अंसारी ने करीब एक महीने पहले प्रेसवार्ता के दौरान इस कथित ऑडियो को सार्वजनिक किया था। इसके बाद मतदाता सूची में कथित गड़बड़ी और BLO पर दबाव बनाए जाने के आरोपों को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हुआ।
प्रशासन ने क्या कहा?
इस मामले पर प्रशासन की ओर से बताया गया है कि जांच में किसी BLO की लॉगिन ID या BLO ऐप से प्राप्त OTP को किसी व्यक्ति द्वारा मांगने की पुष्टि नहीं हुई है।
प्रशासन के इस जवाब के बाद एक ओर सपा की शिकायत और मतदाता सूची में कथित डुप्लीकेट प्रविष्टियों की जांच का मुद्दा है, वहीं दूसरी ओर वायरल ऑडियो को लेकर लगाए गए आरोपों की सत्यता भी जांच का विषय बनी हुई है।
चुनाव से पहले मतदाता सूची की शुद्धता पर सवाल
मेरठ कैंट विधानसभा क्षेत्र में कथित डुप्लीकेट वोटर एंट्री का मामला सामने आने के बाद मतदाता सूची की विश्वसनीयता को लेकर सवाल उठने लगे हैं। चुनावी प्रक्रिया में प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम सही तरीके से दर्ज होना और एक ही मतदाता की अनावश्यक दोहरी प्रविष्टियों को हटाना बेहद महत्वपूर्ण है।
अब देखना होगा कि निर्वाचन विभाग शिकायत में दिए गए नामों और बूथों की जांच किस तरह करता है और कथित डुप्लीकेट प्रविष्टियों को लेकर क्या आधिकारिक निष्कर्ष सामने आता है।
निष्कर्ष: मेरठ कैंट की मतदाता सूची में एक ही व्यक्ति के नाम पर कई प्रविष्टियां होने के आरोप ने चुनावी पारदर्शिता को लेकर नई बहस छेड़ दी है। सपा की शिकायत के बाद अब निर्वाचन विभाग की जांच और कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी। आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।










